सरकार बदली...सोच बदली
लेकिन नहीं बदला......????
जब देश में सांप्रदायिक तनाव फैल रहा है, और लव-जेहाद, गरबों में मुस्लिमों का विरोध हो रहा है, ऐसे
में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बयान “भारतीय मुसलमानों की देशभक्ति पर सवाल
नहीं उठाए जा सकते। भारतीय मुसलमान देश के लिए जीते- मरते हैं, काफी अहम माना जा रहा है! मुस्लिम संप्रदाय
में मोदी के इस बयान की खूब तारीफ हो रही है!
लेकिन सवाल उठता है, आखिर पीएम
मोदी ने ये बात इस समय क्यों कहीं? इतने दिनों तक वह खामोश क्यों
थे, जब भगवा नाम पर कुछ लोग सांप्रदायिकता फैला रहे थे? जब यूपी में चुनाव प्रभारी योगी आदित्यनाथ लव-जेहाद के नाम पर वोट बटोरने
की कोशिश कर रहे थे! यूपी में लोकसभा में मिले अच्छे-खासे बीजेपी के जनाधार की लव-जेहाद
ने हवा निकाल दी! वहीं मध्य प्रदेश, गुजरात में भी गरबों में
मुस्लिम की “नो एंट्री” करवायी जा रही है! साथ ही अयोध्या में भी राम मंदिर निर्माण
को लेकर संघ के वरिष्ठ सदस्यों ने आवाज मुखर कर दी है, और इन
सब बातों का असर तुरंत ही उपचुनाव में दिखाई भी दिया! या फिर पीएम मोदी ने उपचुनाव
की हार से सबक ले लिया है!
लेकिन वजह कुछ भी हो, आज भी
देश में मुसलमानों का एक बड़ा वर्ग उनके साथ खड़ा है और आज भी प्रधानमंत्री में विश्वास
करता है! उन्हें अपने जनमत पर पूरा भरोसा है, उन्हें उम्मीद है
कि उम्मीदों के दूत उम्मीदों पर खरे उतरेंगे लेकिन उसके लिए पीएम मोदी को कुछ कठोर
निर्णय लेने पड़ेंगे! अपनी कुर्सी बचाने के लिए और जनता से किए वादों को पूरा करने के
लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपेक्षा की जा रही है कि उनके नाम पर सांप्रदायिकता
फैला रही पार्टियों पर लगाम लगाएँ वरना इसके बहुत बुरे परिणाम निकट भविष्य में देखने
मिलेंगे क्योंकि अब जमाना बदल चुका है!
अब जाति के नाम पर वोट नहीं मिलेंगे! देश में
गाँव-शहर सभी विकास चाहते हैं! मतदाता जागरूक हो गया है, सांप्रदायिकता
में फँसने वालों में नहीं! कृप्या नेता, साधु-संत सांप्रदायिकता
फैलाने की कोशिश न करें! मोदी के नाम पर मनमानी नहीं चलेगी! कुछ लोगों का सोचना है, मोदी की सरकार बन गयी है तो सब धर्म की राजनीति करेंगे लेकिन ज्ञानियों को
समझना चाहिए कि मोदी कम बीजेपी को भारी जनादेश सिर्फ और सिर्फ विकास के नाम पर मिला
है! सबका साथ, सबका विकास के नाम पर मिला है जिसमें जातिवाद की
कोई गुंजाइश नहीं है!
प्रधानमंत्री के बयान से साफ झलक रहा है कि
वे सभी के प्रधानमंत्री हैं देश के कर्णधार होने के नाते पीएम मोदी को ऐसे कथित लोगों
पर लगाम लगानी चाहिए जो “नमो” का सहारा लेकर भारत को गर्त में धकेलने की कोशिश कर रहे
हैं! भारत सर्वधर्म समभाव का देश है जहां सभी का सम्मान होना चाहिए! पूर्ण बहुमत की
सरकार है, अब जाति के नाम पर वोट मिलने का युग खत्म हो चुका है, सबका साथ...सबका विकास.....जय हो